रानीखेत की हिमालयी वादियों में स्थित द प्लेज़ेंट वैली स्कूल आज केवल एक शिक्षण संस्थान नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, परंपरा और आध्यात्मिक चेतना का सशक्त राजदूत बनकर उभरा है। देवदारों से आच्छादित इस प्राकृतिक परिसर में जब नवरात्र का पावन समय आता है, तब यहाँ आयोजित रामलीला केवल मंचन नहीं रहती, बल्कि सांस्कृतिक पुनर्जागरण और नैतिक जागरण का जीवंत माध्यम बन जाती है।
विद्यालय द्वारा रामलीला का यह सतत आयोजन इस बात का प्रमाण है कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं, बल्कि वह विद्यार्थियों के नैतिक एवं सांस्कृतिक निर्माण का भी आधार है। यहाँ रामायण की कथा जीवन-दर्शन के रूप में प्रस्तुत होती है, जो धर्म, सत्य, कर्तव्य और मर्यादा के गूढ़ मूल्यों को विद्यार्थियों के जीवन से जोड़ती है।
अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर द प्लेज़ेंट वैली स्कूल में 24 घंटे का श्री अखंड रामायण पाठ सम्पन्न; अनेक विशिष्ट हस्तियों की गरिमामयी उपस्थिति
द प्लेज़ेंट वैली स्कूल के परिसर स्थित हनुमान मंदिर में दिनांक 18 एवं 19 अप्रैल, 2026 को 24 घंटे का श्री अखंड रामायण पाठ अत्यंत श्रद्धा, भक्ति एवं विधिवत धार्मिक परंपराओं के अनुरूप सम्पन्न हुआ। यह पावन आयोजन अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर पूर्ण हुआ, जिससे संपूर्ण वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा एवं भक्ति-भाव से परिपूर्ण हो उठा।
इस दिव्य अनुष्ठान में विद्यालय परिवार के समर्पित शिक्षकगण—सुश्री मोनिका जोशी, सुश्री नीलम शर्मा, श्री अश्विन कुमार, श्री नितिन सिंह बर्तवाल, सुश्री करीना एवं सुश्री हिमानी अधिकारी—की सक्रिय एवं निष्ठापूर्ण सहभागिता उल्लेखनीय रही। इन सभी के साथ समस्त विद्यालय परिवार ने श्रद्धालुओं के स्वागत एवं व्यवस्था में योगदान देकर यह सशक्त संदेश दिया कि संस्कृति केवल अध्ययन का विषय नहीं, बल्कि जीवन में आचरण का अंग है।
इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी, विद्यार्थी एवं अभिभावकगण के साथ-साथ स्थानीय जनसमुदाय की भी व्यापक एवं गरिमामयी उपस्थिति रही। सामूहिक सहभागिता ने आयोजन को सामाजिक एकता एवं सांस्कृतिक समरसता का जीवंत स्वरूप प्रदान किया।
कार्यक्रम की शोभा उस समय और भी बढ़ गई जब सुप्रसिद्ध भोजपुरी कवि डॉ. संतोष पटेल एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती रानू जी ने अपनी उपस्थिति से आयोजन को विशिष्ट गरिमा प्रदान की। उनकी उपस्थिति ने इस धार्मिक आयोजन को साहित्यिक एवं सांस्कृतिक आयाम भी प्रदान किया।
इसके अतिरिक्त, डॉ. ज्वाला प्रसाद, पूर्व निदेशक, गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति, भारत सरकार, विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि उन्हें 2 अक्टूबर, 2024 को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 155वीं जयंती के अवसर पर ऑक्सफोर्ड, लंदन, यूनाइटेड किंगडम में महात्मा गांधी लीडरशिप अवार्ड से सम्मानित किया गया था। उनकी उपस्थिति ने आयोजन को राष्ट्रीय एवं वैचारिक प्रतिष्ठा प्रदान की।
श्री ईश मलिक, वरिष्ठ पत्रकार एवं वर्किंग जर्नलिस्ट्स ऑफ इंडिया (WJI), दिल्ली प्रदेश के उपाध्यक्ष, इस पावन अवसर पर विशिष्ट आमंत्रित अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ दिल्ली के प्रतिष्ठित शिक्षाविद् एवं कॉर्पोरेट स्कूल संचालक श्री पुनीत यादव भी विशेष आमंत्रित अतिथि के रूप में शामिल हुए।
अखण्ड रामायण उत्सव में बजरंग दल एवं विश्व हिंदू परिषद के अनेक सदस्यों की भी गरिमामयी उपस्थिति रही। उनकी सहभागिता ने इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन को व्यापक सामाजिक आधार एवं जनसरोकार से जोड़ने का कार्य किया।
इसके अतिरिक्त, दिल्ली के अनेक वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने भी इस अवसर पर अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित कीं। इनमें वरिष्ठ भाजपा विधायक श्री जितेन्द्र महाजन प्रमुख रूप से सम्मिलित रहे, जो पूर्व में भी विद्यालय के रामलीला महोत्सव में अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज करा चुके हैं।
संपूर्ण आयोजन ने धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक चेतना एवं सामाजिक सहभागिता का एक सशक्त एवं अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया।
विद्यालय की शिक्षिकाओं एवं शिक्षकों का समर्पण यह दर्शाता है कि यहाँ संस्कृति केवल सिखाई नहीं जाती, बल्कि जीवन का अंग बनाकर जी जाती है।
नवरात्र और रामलीला का यह समन्वय शक्ति और धर्म के संतुलन का प्रतीक है, जहाँ अंधकार पर प्रकाश और अज्ञान पर ज्ञान की विजय उद्घाटित होती है। द प्लेज़ेंट वैली स्कूल आज आधुनिक शिक्षा और भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों के संतुलन का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है।






